मखदूमपुरा ES 237, जालंधर में मकान को अवैध रूप से PG में तब्दील किया जा रहा; नगर निगम का नोटिस भी हुआ बेअसर
जालंधर। शहर के मखदूमपुरा क्षेत्र में एक मकान E S 237 को बिना किसी स्वीकृति के PG (पेइंग गेस्ट) में बदलने का मामला गंभीर रूप लेता जा रहा है। इस निर्माण कार्य पर जालंधर नगर निगम द्वारा पहले ही नोटिस जारी किया जा चुका है, लेकिन मौके से मिली जानकारी के अनुसार भवन मालिक ने निगम की कार्रवाई और चेतावनी को नज़रअंदाज़ करते हुए अवैध निर्माण कार्य जारी रखा हुआ है।

स्थानीय निवासियों के अनुसार, इस अवैध PG निर्माण से क्षेत्र में सुरक्षा, भीड़भाड़, पार्किंग और स्वच्छता से जुड़े गंभीर मुद्दे सामने आ रहे हैं। लोगों ने बताया कि नगर निगम को शिकायतें देने के बावजूद निर्माण नहीं रुका, जिससे क्षेत्रवासियों में रोष बढ़ता जा रहा है।
नगर निगम के नियमों के अनुसार किसी भी भवन को व्यावसायिक रूप में बदलने के लिए पूर्व अनुमति अनिवार्य है। अनुमति के बिना PG, गेस्ट हाउस या किसी भी प्रकार के व्यावसायिक उपयोग के लिए भवन का निर्माण पूर्णतः अवैध माना जाता है। फिर भी, नोटिस जारी होने के बाद भी निर्माण जारी रहना नगर निगम की कार्यवाही पर सवाल खड़े करता है।

स्थानीय लोगों ने नगर निगम आयुक्त और संबंधित अधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है, ताकि बिना अनुमति बन रहे इस PG को रोका जा सके और क्षेत्र में कानून व्यवस्था तथा सुरक्षा बनी रहे। नागरिकों ने यह भी कहा कि अगर समय रहते ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो यह मामला अन्य अवैध निर्माणों को बढ़ावा दे सकता है।

अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि नगर निगम इस मामले में आगे क्या कदम उठाता है और क्या अवैध PG निर्माण पर तुरंत रोक लगाई जाती है या नहीं।



